
Nabhyoddha Brahmaand Yatra
धरणीपुर का शांत गाँव, जहां समय थमा-सा लगता था, अचानक एक रहस्यमयी उल्का के गिरने से हिल उठा। नयन, एक साधारण युवक, उस चमकते पत्थर तक पहुँचा, जो नक्षत्रों की....
धरणीपुर का शांत गाँव, जहां समय थमा-सा लगता था, अचानक एक रहस्यमयी उल्का के गिरने से हिल उठा। नयन, एक साधारण युवक, उस चमकते पत्थर तक पहुँचा, जो नक्षत्रों की आकृतियाँ बदल रहा था। जैसे ही उसने उसे छुआ, पूरा समय थम गया - हर ध्वनि, हर गति रुक गई। और फिर, एक अद्भुत प्रकाश ने उसे निगल लिया। जब नयन ने आँखें खोलीं, वह किसी अनजान, लौकिक स्थान पर था, जहाँ द्वारों के पार अलग-अलग ग्रह चमक रहे थे। तभी एक प्रकाशमयी आकृति प्रकट हुई - त्रिविम। नयन अब पृथ्वी से परे एक रहस्य में प्रवेश कर चुका था, अगर एक साधारण युवक नयन, एक रहस्यमयी उल्का को छूकर समय रोक सकता है, तो क्या वह अब वक़्त को मोड़ने की ताकत रखता है, या खुद किसी और की चाल में फँस गया है? जानने के लिए सुनिए, "Nabhyoddha Brahmaand Yatra" सिर्फ "Pocket FM" पर।