
Rakshak Yoddha
आज भी जब कभी शक्तियों का ज़िक्र होता है तो पृथ्वी ग्रह से लाखों करोड़ों वर्ष दूर मौजूद त्रिकोण ग्रह का ज़िक्र ना हो, ऐसा हो ही नहीं सकता। त्रिकोण....
आज भी जब कभी शक्तियों का ज़िक्र होता है तो पृथ्वी ग्रह से लाखों करोड़ों वर्ष दूर मौजूद त्रिकोण ग्रह का ज़िक्र ना हो, ऐसा हो ही नहीं सकता। त्रिकोण ग्रह पर एक से बढ़कर एक योद्धा मौजूद हैं। यहाँ पर जितने भी योद्धा मौजूद हैं, उन सभी की एक रैंक है। रैंक की मदद से पता चल सकता है कि कौन सा योद्धा कितना बड़ा योद्धा है। यह कहानी भी त्रिकोण ग्रह के एक ऐसे योद्धा की है, जिसके जन्म लेते ही एक ऐसी घटना घटित हुई, जिसके कारण उसका "शक्ति स्रोत" पूरी तरीक़े से नष्ट हो गया। अब उसके पास किसी भी प्रकार की शक्तियाँ नहीं हैं, जिसके कारण अपने ही दल में घृणा का पात्र बनकर रह गया। लेकिन किसी घटना के कारण उसकी मुलाकात एक बूढ़े शक्तिशाली योद्धा की आत्मा से होती है, जो उसे इस ग्रह का सबसे बड़ा योद्धा बनाने में मदद करती है। तो कैसे नष्ट हुआ था उसका शक्तियों का स्रोत? क्या वह उस आत्मा की मदद से इस ग्रह का महान योद्धा बन पाएगा? जानने के लिए सुनिए, "Rakshak Yoddha" सिर्फ "Pocket FM" पर।
- E1. अंतिम योद्धा
- E2. रूद्र का अपहरण
- E3. नीलमणि और खूंखार ड्रैगन से सामना
- E4. मक्सोल का रहस्यमई इंसान से सामना
- E5. ड्रैगन बंदनी
- E6. मक्सोल मारा गया?
- E7. मक्सोल जिन्दा है?
- E8. दूसरी दुनिया का ताला
- E9. आकाशवाणी एक धमकी
- E10. बर्फीला अन्नमय कोष लिक्विड
- E11. प्राणमय कोष ऊर्जा की तलवार
- E12. सवालों का मायाजाल
- E13. 6 महीने की नींद
- E14. मैं लौट कर आऊंगा...!
- E15. डरावनी यादें और आसमानी हरकत
- E16. नन्हा बन्दर और खतरा
- E17. नीलमणि की सफ़ेद रोशनी
- E18. अज्ञात शत्रु और हत्यारा
- E19. जादुई परछाई - नया मोड़
- E20. रहस्यमई आत्मा
Nk — 5/5 — 10M ago
nice story